"Predictive Programming" By Aditya Singh



कभी आपने गौर किया है कि कुछ फिल्में, गेम्स या शोज़ ऐसी घटनाएं दिखा देते हैं जो कुछ सालों बाद सच हो जाती हैं? ऐसा लगता है जैसे किसी ने पहले से सब कुछ प्लान किया हो और बस धीरे-धीरे हमें दिखा रहे हों। इसी सोच को कहते हैं , Predictive Programming।

इसका मतलब होता है कि सत्ता में बैठे लोग  चाहे सरकार हो, कॉर्पोरेट्स, या कोई छुपे हुए शक्तिशाली समूह  मीडिया के ज़रिए आम लोगों को बड़े बदलावों और आने वाले खतरों के लिए पहले से तैयार करते हैं। ताकि जब असल में वैसी ही कोई घटना घटे, तो लोग हैरान ना हों। उन्हें वो चीज़ जानी पहचानी लगे, जैसे कहीं पहले देखी हो।

9/11 अटैक और उससे पहले के संकेत

2001 में अमेरिका के वर्ल्ड ट्रेड सेंटर पर हमला हुआ। लेकिन बाद में कई लोगों ने पाया कि इस तरह की घटनाओं को तो पहले ही गेम्स और सीरीज़ में दिखाया जा चुका था:

  • Simpsons (1997) में एक पोस्टर था जिसमें $9 और ट्विन टावर्स दिखते हैं  मिलाकर “9/11” जैसा प्रतीत होता है।

  • The Matrix (1999) में नियो का पासपोर्ट दिखाया जाता है जिसकी एक्सपायरी डेट होती है 11 सितंबर 2001।

  • Deus Ex (2000) गेम में न्यूयॉर्क की स्काईलाइन से ट्विन टावर गायब थे। गेम के अनुसार वो एक आतंकी हमले में तबाह हो चुके थे।

Contagion (2011): कोरोना से 9 साल पहले की चेतावनी

इस फिल्म में एक वायरस चीन के मार्केट से निकलता है, और पूरी दुनिया को जकड़ लेता है:

  • वायरस जानवर (चमगादड़, सूअर) से इंसान में फैलता है

  • लॉकडाउन, मास्क, सोशल डिस्टेंसिंग, वैक्सीन रेस

  • अफवाहें, डर और वैक्सीन बनाने की दौड़

कोविड-19 आने के बाद इस फिल्म की तुलना असल ज़िंदगी से होने लगी।

और भी डराने वाले उदाहरण जो सच साबित हुए

  • Call of Duty: Modern Warfare 2 (2009) में एयरपोर्ट पर मास शूटिंग दिखाई गई थी। बाद में कई देशों में इसी तरह की घटनाएं हुईं।

  • 12 Monkeys (1995) में एक वायरस Lab से लीक होकर दुनिया को तबाह कर देता है।

  • Utopia (2013) में एक फार्मा कंपनी खुद वायरस फैलाती है ताकि लोग वैक्सीन लें और उन पर नियंत्रण किया जा सके।

  • The Lone Gunmen (2001) के पहले एपिसोड में ट्विन टावर पर प्लेन अटैक दिखाया गया  6 महीने बाद 9/11 असल में हुआ।

  • Event 201 (2019) एक पब्लिक हेल्थ Simulation था जिसमें एक कोरोनावायरस Pandemic की कल्पना की गई  ठीक 2 महीने बाद कोविड शुरू हुआ।

  • Terminator में AI दुनिया पर काबू कर लेता है। आज AI और मशीनें उसी रास्ते पर चल रही हैं।

  • Demolition Man (1993) में Future दुनिया में सिर्फ डिजिटल करेंसी चलती है  आज के UPI, Crypto और Cashless World जैसी स्थिति।

किताबों से भी मिलते हैं संकेत

  • 1984 (George Orwell) में एक सरकार हर किसी पर नज़र रखती है। आज Surveillance और Data-Tracking इसी की मिसाल है।

  • Brave New World (Aldous Huxley) में लोग Pleasure और Chemicals से Control में रहते हैं  आज का Dopamine-Driven Social Media कुछ वैसा ही है।

  • The Eyes of Darkness (Dean Koontz, 1981) में Wuhan-400 नाम का वायरस दिखाया गया है जो चीन के वुहान से फैलता है।

  • Atlas Shrugged (Ayn Rand) में Elites दुनिया की Economy को Control करते हैं  आज WEF और Global Reset जैसी बातें चल रही हैं।

बॉलीवुड भी पीछे नहीं है

  • Robot (2010) में एक AI-Powered रोबोट इंसानों को Control करता है। Neuralink और ChatGPT जैसे टूल्स भी AI के उसी Future को दिखा रहे हैं।

  • Krrish 3 (2013) में वायरस, DNA बदलाव और लैब में Experiments दिखाए गए थे  CRISPR और Biotech की दुनिया आज यही कर रही है।

क्या ये सब बस इत्तेफाक है?

लोग कहेंगे ये सिर्फ कल्पना है, लेकिन अगर एक जैसी चीज़ें बार-बार अलग-अलग Creators द्वारा दिखाई जा रही हैं, तो सवाल उठता है:

  • क्या हमें पहले से मानसिक रूप से तैयार किया जा रहा है?

  • क्या ये सब एक सॉफ्ट वार्निंग है?

आख़िर में...

जब अगली बार कोई फिल्म, किताब या गेम देखो जिसमें Virus, Attack, AI या Mass Control की बात हो  तो एक बार सोचो:

क्या ये सिर्फ कहानी है? या आने वाले वक़्त की प्लानिंग?

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